Archive for ‘उपग्रह’

दिसम्बर 1, 2011

विशालकाय, चमकिला

सबसे विशालकाय

सौर मंडल मे 17 पिंडो की त्रिज्या 1000 किमी से ज्यादा है।

नाम मातृ तारा/ग्रह दूरी (000किमी) व्यास किमी द्रव्यमान किग्रा
सूर्य 697000 1.99e30
बृहस्पति सूर्य 778000 71492 1.90e27
शनि सूर्य 1429000 60268 5.69e26
युरेनस सूर्य 2870990 25559 8.69e25*
नेपच्युन सूर्य 4504300 24764 1.02e26*
पृथ्वी सूर्य 149600 6378 5.98e24
शुक्र सूर्य 108200 6052 4.87e24
मंगल सूर्य 227940 3398 6.42e23
गनीमीड बृहस्पति 1070 2631 1.48e23+
टाईटन शनि 1222 2575 1.35e23+
बुध सूर्य 57910 2439 3.30e23+
कैलीस्टो बृहस्पति 1883 2400 1.08e23
आयो बृहस्पति 422 1815 8.93e22
चन्द्रमा पृथ्वी 384 1738 7.35e22
युरोपा बृहस्पति 671 1569 4.80e22
ट्राईटन नेपच्युन 355 1353 2.14e22
प्लूटो सूर्य 5913520 1160 1.32e22
  • * नेपच्युन युरेनस से थोड़ा ज्यादा घना है।
  • +बुध गनीमीड तथा टाईटन से ज्यादा घना है।

सबसे घना

11 पिंडो का घनत्व 3 ग्राम/घन सेमी से ज्यादा है।

नाम त्रिज्या (किमी) द्रव्यमान (kg) घनत्व(ग्राम/घन सेमी)
पृथ्वी 6378 5.97e24 5.52
बुध 2439 3.30e23 5.42
शुक्र 6052 4.87e24 5.26
आद्रस्टीआ 10 1.91e16 4.5
मंगल 3398 6.42e23 3.94
आयो 1815 8.93e22 3.53
चन्द्रमा 1738 7.35e22 3.34
एलारा 38 7.77e17 3.3
सीनोपे 18 7.77e16 3.1
लीस्थीआ 18 7.77e16 3.1
युरोपा 1569 4.80e22 3.01

सबसे ज्यादा चमकिला

१२ पिंडो की चमक ६ से ज्यादा है(पृथ्वी के संदर्भ मे), इन्हे नंगी आंखो से या बायनाकुलर से देखा जा सकता है।

नाम मातृ ग्रह/तारा दूरी(000किमी) त्रिज्या(km) Vo*
सूर्य ? 0 697000 -26.8
चन्द्रमा पृथ्वी 384 1738 -12.7
शुक्र सूर्य 108200 6052 -4.4
बृहस्पति सूर्य 778000 71492 -2.7
मंगल सूर्य 227940 3398 -2.0
बुध सूर्य 57910 2439 -1.9
शनि सूर्य 1429000 60268 0.7
गनीमीड बृहस्पति 1070 2631 4.6
आयो बृहस्पति 422 1815 5.0
युरोपा बृहस्पति 671 1569 5.3
युरेनस सूर्य 2870990 25559 5.5
कैलीस्टो बृहस्पति 1883 2400 5.6
फ़रवरी 9, 2011

नेरेईड

नेरेइड

नेरेइड

यह नेपच्युन का तीसरा सबसे बड़ा चन्द्रमा  है।

कक्षा : 5,513,400 किमी नेपच्युन से
व्यास : 340 किमी
द्रव्यमान : ?

नेरेइड सागरी जलपरी है, और नेरेउस और डोरीस की 50 पुत्रीयो मे से एक है।

इसकी खोज काईपर ने 1949 मे की था।

नेरेइड की कक्षा सौर मंडल के किसी भी ग्रह या चन्द्रमा से ज्यादा विकेन्द्रित है। इसकी नेपच्युन से दूरी 1,353,600 किमी से 9,623,700 किमी तक विचलित होती है। इसकी विचित्र कक्षा से लगता है कि यह एक क्षुद्रग्रह है या काईपर पट्टे का पिंड है।

फ़रवरी 9, 2011

प्राटेउस

प्राटेउस

प्राटेउस

यह नेपच्युन का छठां ज्ञात और दूसरा सबसे बड़ा चन्द्रमा  है।

कक्षा : 117,600 किमी नेपच्युन से
व्यास : 418 किमी(436x416x402)
द्रव्यमान : ?

प्राटेउस एक सागरी देवता था जो अपना आकार बदल सकता था।

इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी। यह नेरेइड से बड़ा है लेकिन बहुत गहरे रंग का है। यह नेपच्युन के इतने समीप है कि इसे नेपच्युन की चमक मे देखा जाना कठिन है।

प्राटेउस अनियमित आकार का चन्द्रमा है। यह शायद अनियमित आकार के पिंड के लिये गुरुत्व के कारण गोलाकार होने की सीमा से थोड़ा ही छोटा है।

इसकी सतह पर क्रेटरो की भरमार है और भूगर्भिय गतिविधी के कोई प्रमाण नही है।

फ़रवरी 9, 2011

लारीस्सा

लारीस्सा

लारीस्सा

यह नेपच्युन का पांचवा ज्ञात चन्द्रमा है।
कक्षा : 73,600 किमी नेपच्युन से
व्यास : 193 किमी(208 x 178)
द्रव्यमान : ?

लारीस्सा पेलासगस की पुत्री का नाम है।

इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी। इसकी खोज का श्रेय हेराल्ड रेइट्सेमा को दिया जाता है।

प्राटेउस की तरह लारीस्सा भी अनियमित आकार का चन्द्रमा है।

फ़रवरी 9, 2011

नाइड,थैलसा,डेस्पीना,गैलटीआ

नेपच्युन के अंदरूनी चार चंद्रमा है:

  1.  नाइड
  2. थैलसा
  3. डेस्पीना
  4. गैलटीआ

नाइड

नाइड या थैलसा

नाइड या थैलसा

यह नेपच्युन का सबसे अंदरूनी ज्ञात चन्द्रमा है।

कक्षा : 48,200 किमी नेपच्युन से
व्यास : 58 किमी
द्रव्यमान : ?

इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी।

नाईड नदियो, फव्वारो और झरनो की परीयां है।
नाईड, थैलसा, डेस्पीना और गैलेटीआ सभी अनियमित आकार के चन्द्रमा है।

थैलसा

यह नेपच्युन का दूसरा ज्ञात चन्द्रमा है।

कक्षा : 50,000 किमी नेपच्युन से
व्यास : 80 किमी
द्रव्यमान : ?
थैलसा ऐथर और हेमेरा की पुत्री है। थैलसा ग्रीक मे सागर को कहते है। इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी।

डेस्पीना

डेस्पीना

डेस्पीना

यह नेपच्युन का तीसरा ज्ञात चन्द्रमा है।

कक्षा : 52,600 किमी नेपच्युन से
व्यास : 148 किमी
द्रव्यमान : ?
डेस्पीना नेपच्युन और डेमीटर की पुत्री का नाम है।
इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी।

गैलटीआ

गैलीटीआ

गैलीटीआ

यह नेपच्युन का तीसरा ज्ञात चन्द्रमा है।
कक्षा : 62,000किमी नेपच्युन से
व्यास : 158 किमी
द्रव्यमान : ?
गैलेटीआ एक सीसलीयन नेरीड थी जो सायक्लोप्स पालीफेमुस की प्रेमीका थी।

इसकी खोज 1989 मे वायेजर 2 ने की थी।

फ़रवरी 8, 2011

ओबेरान

ओबेरान

ओबेरान

ओबेरान यह युरेनस के बड़े चंद्रमाओ मे से सबसे बाहरी और दूसरा सबसे बड़ा चन्द्रमा है।

कक्षा : 583,420 किमी युरेनस से
व्यास : 1523 किमी
द्रव्यमान : 3.03e21 किग्रा

ओबेरान शेक्सपियर के नाटक ’मिडसमर नाईट्स ड्रीम’ मे परियो का राजा और टाईटेनीया का पति है।

ओबेरान की खोज 1787 मे हर्शेल ने की थी।

उम्ब्रीएल और ओबेरान एक जैसे है लेकिन ओबेरान 35% बड़ा है। युरेनस के सभी बड़े चन्द्रमा 40-50% बर्फ और शेष चट्टानो से बने है। इनमे चट्टानो की मात्रा शनि के बड़े चन्द्रमा जैसे रीया के किंचित ज्यादा है।

ओबेरान की सतह क्रेटरो से भरी हुयी है और स्थायी है। इसके क्रेटर एरीयल और टाईटेनीया से ज्यादा और बड़े है। इसके कुछ क्रेटरो मे कैलीस्टो की तरह धारीया है।

कुछ क्रेटरो की सतह धूंधली है शायद किसी गहरे पदार्थ (गंदा पानी?) के कारण।

ओबेरान के दक्षिणी गोलार्ध मे एक गहरी दरार है जो इसकी भूतकाल की भूगर्भिय गतिविधी को दर्शाती है। इस पर एक छः किमी उंचा पर्वत भी है।

इसे एक साधारण दूरबीन से गहरी रात मे देखा जा सकता है।

फ़रवरी 8, 2011

टाईटेनीया

टाईटेनीया

टाईटेनीया

टाईटेनीया यह युरेनस का चौदहंवा ज्ञात और सबसे बड़ा चन्द्रमा है।

कक्षा : 436,270 किमी युरेनस से
व्यास : 1578 किमी
द्रव्यमान : 3.49e21 किग्रा
टाईटेनीया शेक्सपियर  के नाटक मिड समर नाईट्स ड्रीम  मे परीयो की रानी तथा ओबेरान की पत्नी है।
टाईटेनीया की खोज 1787 मे हर्शेल ने की थी।

एरीयल और टाईटेनीया एक जैसे है लेकिन टाईटेनीया 35% बड़ा है। युरेनस के सभी बड़े चन्द्रमा 40-50% बर्फ और शेष चट्टानो से बने है। इनमे चट्टानो की मात्रा शनि के बड़े चन्द्रमा जैसे रीया के किंचित ज्यादा है।

टाईटेनीया की सतह मे क्रेटरो से भरे पठारो के अतिरिक्त एक दूसरे से जुड़ी सैकड़ो किमी लम्बी, 10 किमी से ज्यादा गहरी घाटीयां है। यह टाईटेनीया के जैसे लेकिन बड़ी और ज्यादा मात्रा मे है। इसके कुछ क्रेटर आधे भरे हुये है। टाईटेनीया की सतह नयी है लेकिन एन्क्लेडस से पूरानी है। इस चन्द्रमा पर नयी सतह के बनने की प्रक्रिया अभी भी चल रही है। उसकी घाटीयो के मध्य शायद बर्फ की उपस्थिति है।

टाईटेनीया शायद कुछ समय पूर्व गर्म रहा होगा लेकिन वर्तमान मे ठन्डा है। शायद टाईटेनीया की घाटीया इसके ठंडे होने की प्रक्रिया मे आयी दरारे है।

इसे एक साधारण दूरबीन से गहरी रात मे देखा जा सकता है।

फ़रवरी 8, 2011

उम्ब्रीएल

उम्ब्रीएल

उम्ब्रीएल

उम्ब्रीएल यह युरेनस का तेरहंवा ज्ञात और तीसरा सबसे बड़ा चन्द्रमा है।
कक्षा : 265,980 किमी युरेनस से

व्यास : 1170किमी

द्रव्यमान : 1.27e21 किग्रा

उम्ब्रीएल अलेक्जेण्डर पोप के नाटक ‘द रेप आफ द लाक’ मे एक पात्र है।
उम्ब्रीएल की खोज 1851मे लासेल ने की थी।

उम्ब्रीएल और ओबेरान एक जैसे है लेकिन ओबेरान 35% बड़ा है। युरेनस के सभी बड़े चन्द्रमा 40-50% बर्फ और शेष चट्टानो से बने है। इनमे चट्टानो की मात्रा शनि के बड़े चन्द्रमा जैसे रीया के किंचित ज्यादा है।

उम्ब्रीएल की सतह क्रेटरो से भरी हुयी है और स्थायी है। इसके क्रेटर एरीयल और टाईटेनीया से ज्यादा और बड़े है।

उम्ब्रीएल काफी गहरे रंग का है और युरेनस के सबसे चमकदार चन्द्रमा एरीयल से आधा चमकदार है।

फ़रवरी 8, 2011

एरीयल

एरीयल

एरीयल

एरीयल यह युरेनस का बारहंवा ज्ञात चन्द्रमा है।
कक्षा : १९०,९३० किमी युरेनस से

व्यास : ११५८ किमी

द्रव्यमान : १.२७e२१ किग्रा

एरीयल शेक्सपियर के नाटक ‘द टेम्पेस्ट ‘ मे एक आत्मा है।

एरीयल की खोज १८५१ मे लासेल ने की थी।

एरीयल और टाईटेनीया एक जैसे है लेकिन टाईटेनीया ३५% बड़ा है। युरेनस के सभी बड़े चन्द्रमा ४०-५०% बर्फ और शेष चट्टानो से बने है। इनमे चट्टानो की मात्रा शनि के बड़े चन्द्रमा जैसे रीया के किंचित ज्यादा है।

एरीयल की सतह मे क्रेटरो से भरे पठारो के अतिरिक्त एक दूसरे से जुड़ी सैकड़ो किमी लम्बी, १० किमी से ज्यादा गहरी घाटीयां है। यह टाईटेनीया के जैसे लेकिन बड़ी और ज्यादा मात्रा मे है। इसके कुछ क्रेटर आधे भरे हुये है। एरीयल की सतह नयी है लेकिन एन्क्लेडस से पूरानी है। इस चन्द्रमा पर नयी सतह के बनने की प्रक्रिया अभी भी चल रही है। उसकी घाटीयो के मध्य शायद बर्फ की उपस्थिति है।

एरीयल शायद कुछ समय पूर्व गर्म रहा होगा लेकिन वर्तमान मे ठन्डा है। शायद एरीयल की घाटीया इसके ठंडे होने की प्रक्रिया मे आयी दरारे है।

इसे एक साधारण दूरबीन से गहरी रात मे देखा जा सकता है।

फ़रवरी 8, 2011

मिरांडा

मिरांडा

मिरांडा

मिरांडा यह युरेनस का ग्यारहवां ज्ञात चन्द्रमा है। यह युरेनस के बड़े चंद्रमाओ मे सबसे अंदरूनी है।
कक्षा : 129,850किमी युरेनस से

व्यास : 472किमी

द्रव्यमान : 6.3e19 किग्रा

मिरांडा शेक्सपियर के नाटक टेम्पेस्ट के जादूगर प्रास्पेरो की बेटी का नाम है।

मिरांडा की खोज 1949मे क्वीपर ने की थी।

वायेजर अंतरिक्षयान को नेपच्युन तक पहुंचने के लिये युरेनस के समीप से गुजरना था। युरेनस की उपग्रह प्रणाली क्रातिवृत्त से लम्बवत होने के कारण वायेजर यान केवल मिरांडा को पास से निरिक्षण कर पाया। वायेजर यान से पहले इस चन्द्रमा के बारे मे कम जानकारी थी। यह ज्यादा बड़ा नही है, इस चन्द्रमा मे कुछ भी विशेष नही है, इसे वायेजर यान की यात्रा के लिये चुना नही जाता लेकिन यह वायेजर यान के मार्ग मे आ गया। और यह चन्द्रमा आश्चर्यजनक रूप से सबसे दिलचस्प निकला।

मिरांडा आधा बर्फ और आधा चट्टानी है।

मिरांडा की सतह मीश्रीत है जिसमे अत्याधिक क्रेटरो के सार्ग पर्वत, घाटीया और चोटीया(5 किमी उंची) है। वायेजर 2 यान के शुरुवाती तस्वीरो मे मिरांडा एक रहस्य था। सभी को यह आशा थी कि युरेनस के चन्द्रमाओ मे अंदरूनी प्रक्रिया के प्रमाण नही होंगे। लेकिन मिरांडा की सतह इतनी विचित्र थी कि इसे समझाने के लिये सही तकनिकी शब्द कम पड़ रहे थे। उन्हे समझाने के लिये फीता, रेस ट्रेक, परतदार केक जैसे शब्दो का प्रयोग करना पड़ रहा था।

युरेनस के चारो बड़े चन्द्रमाओ को साधारण दूरबीन से देखा जा सकता है, लेकिन मिरांडा थोड़ा कठीन है। इसे गहरी रात मे देखा जा सकता है।